Raj Comics

  • राज कॉमिक्स ‘नागराज #1’ रिव्यू: भारतीय सुपरहीरो युग की शुरुआत (1986)

    राज कॉमिक्स ‘नागराज #1’ रिव्यू: भारतीय सुपरहीरो युग की शुरुआत (1986)

    कॉमिक्स समीक्षा: नागराज (अंक #1) — भारतीय कॉमिक्स के स्वर्णिम युग की आधारशिला 1. प्लॉट और कथा संरचना (Plot & Narrative Structure) पहले अंक की कहानी मुख्य रूप से एक परिचय (Origin Issue) के रूप में काम करती है। कहानी में पारंपरिक भारतीय लोककथाओं, इच्छाधारी नागों के मिथक और आधुनिक सुपरहीरो जॉनर का एक कच्चा…

  • राज कॉमिक्स ‘कोहराम’ समीक्षा: नागराज, ध्रुव और डोगा का ऐतिहासिक महा-संग्राम | Kohram Comic Review

    राज कॉमिक्स ‘कोहराम’ समीक्षा: नागराज, ध्रुव और डोगा का ऐतिहासिक महा-संग्राम | Kohram Comic Review

    कहानी एवं प्लॉट (Storyline & Plot) जॉली सिन्हा द्वारा लिखित ‘कोहराम’ राज कॉमिक्स के इतिहास के सबसे बड़े साइ-फाइ (Sci-Fi) और मल्टी-स्टारर इवेंट्स में से एक है। आर्टवर्क, इनकिंग एवं विजुअल्स (Artwork & Technical Execution) इस विशेषांक की सबसे बड़ी यूएसपी इसकी आर्ट टीम का संयुक्त प्रयास है। मुख्य आकर्षण एवं रचनात्मक पहलू (Key Highlights) समीक्षा स्कोर…

  • रोमन हत्यारा (सुपर कमांडो ध्रुव) — कॉमिक्स समीक्षा

    रोमन हत्यारा (सुपर कमांडो ध्रुव) — कॉमिक्स समीक्षा

    रोमन हत्यारा (सुपर कमांडो ध्रुव) — कॉमिक्स समीक्षा राज कॉमिक्स के गोल्डन एरा का यह अंक अनुपम सिन्हा के शुरुआती और मास्टरक्लास वर्क का एक बेहतरीन उदाहरण है। ऐतिहासिक मिथक, म्यूजियम डकैती और मर्डर-मिस्ट्री के तड़के से सजी यह कॉमिक्स ध्रुव की शुरुआती स्टोरीलाइंस में अपना एक खास मुकाम रखती है। कहानी और प्लॉट (Plot…